Wednesday, April 24, 2024

Story-Board-Games

Story-Board-Games

इसमें सारी दुनियाँ आ गई। आपकी, मेरी, इसकी, उसकी और भी ना जाने किस, किसकी। फिर फर्क नहीं पड़ता की आप पढ़े लिखे हैं या अनपढ़। कम पढ़े लिखे हैं या ज्यादा? नौकरी करते हैं, इसकी, उसकी या किसकी? कोई अपना व्यवसाय है या बेरोजगार हैं? गरीब हैं? अमीर हैं? या मध्यम वर्ग? महल में रहते हैं या झोपड़ी में? भगवान में विश्वास करते हैं या नहीं। यहाँ आपको सब देखने को मिलता है। किस्से-कहानीयों में। इनके किस्से कहानी या उनके किस्से कहानी या जिस किसी के भी किस्से कहानी। जिनमें बहुत बार ऐसा लगता हैं ना की ये तो इसके या उसके या शायद आपके खुद के साथ ही जैसे हो रखा हो? क्यूँकि, किस्से कहानियाँ समाज से ही आते हैं। बस उनमें थोड़े कम या ज्यादा सुनाने या दिखाने वालों के भी तड़के लग जाते हैं। 

तो किस्से-कहानी मतलब Story 

कहानी के अलग-अलग हिस्से या क्रोनोलॉजी मतलब Story Board 

इसी Board को अगर Classes से थोड़ा आगे कुर्सियों का हिस्सा बना दें, तो हो गया Board Games. मतलब दिमागी खेल, जो मीटिंग्स या फाइल्स के द्वारा चलते हैं। ये किसी भी सिस्टम का दिमाग हैं। दिमाग जैसे शरीर को चलाने के लिए शरीर के अलग-अलग हिस्सों का प्रयोग करता है। ये भी समाज का प्रयोग या दुरुपयोग ऐसे ही करते हैं। अब वो प्रयोग हो रहा है या दुरुपयोग, इसका अंदाजा वहाँ के समाज के हालातों से लगाया जा सकता है। 

दिमाग के संदेशों को आगे बढ़ाने के लिए जैसे तंत्रिका-तंत्र काम करता है, ऐसे ही इन Board Games को आगे बढ़ाने के लिए या इनके किर्यान्वन के लिए इनकी फैलाई गई शाखाएँ और उनके समाज पर प्रभाव। Networking . कुछ-कुछ जैसे Neural Networks. ये नेटवर्क्स अहम हैं। ये आपका भला चाहने वाले हैं तो ज़िंदगी सही जाएगी। लेकिन इन्हीं में अगर गड़बड़ है, तो वो ज़िंदगियाँ या समाज का वो हिस्सा ज्यादातर झेलता मिलेगा। इसपर फिर कभी आसपास के ही केसों के माध्यम से। 

अभी अगली पोस्ट में Story Board Games को थोड़ा और जानने की कोशिश करते हैं। 

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